मालवा लाइव के लिए निर्मल व्यास।
यह मनुष्य भव हमें भगवान बनने के लिए मिला है इसे बर्बाद नहीं होने देना है जितना आकर्षण आपका संसारी वस्तुओं में रहा है अगर उतना आकर्षण आपने आत्म दर्शन में लगाया होता तो आपका यह भव एकावतारी बन जाता आपको बहुमूल्य पांच इंद्रियां मिली है इनके विषयों दुर्गुणों में लिप्त होकर इन्हें जहर मत बनाओ पांचों इंद्रियों का सदुपयोग करके यह भव सुधारना है यह सही है कि वस्तुएं संसार का श्रृंगार है पर ज्ञानी की दृष्टि में वह सब भंगार है संसार की असारता को समझें और संसार के सार संयम को ग्रहण करें उक्त प्रेरणास्पद उदगार पुण्य पुंज साध्वी श्री पुण्य शीला जी ने विशेष रविवारीय सभा को संबोधित करते हुए स्थानक भवन में कहे ।
आप ने आगामी पर्युषण पर्व पर नवरंगी तपस्या व अन्य तपस्या से जुड़ने का अनुरोध श्री संघ से किया तपस्वी रोहित कटकानी को प्रकट करते हुए उन्हें 18 उपवास के प्रत्याख्यान करवाएं साथ ही श्रीमती चंदनबाला खाबीया 7 श्रीमती मानकुंवर मेहता श्रीमती प्रमिला सोलंकी श्रीमती मधु कटारिया 6 महेंद्र मेहता उर्फ नाना भाई श्रीमती कुमकुम गुगलिया ने आज 5 उपवास के प्रत्याख्यान किए ।
अनिल मुथा रायपुरिया ने आठ श्री विजय भंडारी श्रीमती आयूषी नाणेचा ने पांच उपवास की तपस्या पूर्ण की है प्रतिदिन तेले उपवास आईयबींल की लड़ी श्री संघ में गतिमान तीन धर्म चक्र की तपस्या भी गतिमान है और भी कई गुप्त तपस्या चल रही है।
आज रविवार को बच्चों का विशेष धार्मिक शिविर आयोजित किया गया जिसमें साध्वी श्री आस्था जी ने बच्चों को साधु संतों को कैसे शुद्ध व निर्दोष अन्न व अन्य दान कैसे दिए जाते हैं के नियम व सावधानियां बतायी , बच्चों की प्रतियोगिता भी हुई सीनियर वर्ग में कुमारी अनुश्री बरबेटा प्रथम कुमारी सिद्धी कटकानी द्वितिय जूनियर वर्ग में कुमारी अवधि मुरार प्रथम किर्तश भंडारी द्बितिय रहे श्री संघ की ओर से बच्चों को स्वल्पाहार करवाया गया वह प्रभावना भी दी गई प्रतियोगिता में सफल रहे बच्चों को पुरस्कार दिया गया शिविर में 60 से अधिक बच्चों ने भाग लिया ।
आज रविवार के दिन बामनिया से विशेष श्री संघ पधारा जिसमें पचास से अधिक श्रावक श्राविका ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई साथ ही आसपास के कई गांवों से भी श्रृद्धालु ने पधार कर अपने धार्मिक आस्था प्रकट की।

