तन्मय चतुर्वेदी | पेटलावद
पेटलावद। मध्य प्रदेश की महिला एवं बाल विकास मंत्री निर्मला भूरिया ने आज पेटलावद में 'सखी-वन स्टॉप सेंटर' का फीता काटकर विधिवत शुभारंभ किया। कार्यक्रम की शुरुआत मां सरस्वती के चित्र पर दीप प्रज्ज्वलन और कन्या पूजन के साथ संपन्न हुई।
मंत्री निर्मला भूरिया ने केंद्र के उद्देश्यों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह राज्य सरकार की एक अत्यंत महत्वपूर्ण पहल है। इस सेंटर का मुख्य उद्देश्य हिंसा से पीड़ित महिलाओं को एक ही छत के नीचे अस्थायी आश्रय, चिकित्सा सुविधा, पुलिस सहायता, कानूनी सलाह और परामर्श जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराना है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह केंद्र बिना किसी आयु, जाति या वर्ग के भेदभाव के सभी महिलाओं और बालिकाओं की सहायता के लिए सदैव तत्पर रहेगा।
मंत्री भूरिया ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में देश और प्रदेश आत्मनिर्भरता की ओर तेजी से अग्रसर हैं। उन्होंने महिलाओं की भूमिका पर चर्चा करते हुए कहा कि स्त्री का जन्म ही जिम्मेदारियों को साथ लेकर हुआ है, लेकिन अब समय बदल गया है। आज महिलाएं हर क्षेत्र में अपनी प्रतिभा साबित कर रही हैं और लाडली लक्ष्मी एवं लाडली बहना जैसी योजनाएं महिला सशक्तीकरण की दिशा में मील का पत्थर साबित हो रही हैं। इसके साथ ही उन्होंने क्षेत्र में कुपोषण और सिकल सेल जैसी बीमारियों के खिलाफ मिलकर लड़ने का आह्वान किया।
इस गरिमामयी अवसर पर जनपद अध्यक्ष रमेश सोलंकी ने भी संबोधित किया और कार्यक्रम में कन्या को जन्म देने वाली माताओं को प्रोत्साहन स्वरूप कन्या किट तथा लाडली लक्ष्मी योजना के प्रमाण पत्र भेंट किए गए। आयोजन स्थल पर लगाई गई प्रदर्शनी और साज-सज्जा के लिए पेटलावद की दस सर्वश्रेष्ठ आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को विशेष रूप से सम्मानित भी किया गया।
इस आयोजन में भाजपा जिला उपाध्यक्ष हेमंत भट्ट, मंडल अध्यक्ष संजय कहार, एसडीपीओ राजेश सुलिया, तहसीलदार यशपाल मुजाल्दे, नगर पंचायत अध्यक्ष ललिता गामड़, व्यापारी प्रकोष्ठ के संजय भंडारी और जगदीश जाटव सहित बड़ी संख्या में अधिकारी, कर्मचारी और नागरिक उपस्थित थे। कार्यक्रम में स्वागत भाषण डीपीएम मोनिका बघेल ने दिया, संचालन महिला बाल विकास अधिकारी अजय तिवारी ने किया और आभार प्रदर्शन वन स्टॉप सेंटर की जिला संयोजिका लीला परमार द्वारा किया गया।


