☀ ~ आज का श्रीविद्या पंचांग~☀ ☀ 02 - Jul - 2022

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जय श्री कृष्ण👏🏻

संस्थापक -  प. पू. गुरूदेव आचार्यडाँ देवेन्द्र जी शास्त्री (धारियाखेडी)

मन्दसौर (म. प्र.)

09977943155





☀ ~ आज का श्रीविद्या  पंचांग~☀


☀ 02 - Jul - 2022

☀ Mandsaur, India


☀~ श्रीविद्या  पंचांग ~☀

  

🔅 तिथि  तृतीया  03:18 PM

🔅 नक्षत्र  आश्लेषा  पूर्ण रात्रि

🔅 करण :

           गर  03:18 PM

           वणिज  03:18 PM

🔅 पक्ष  शुक्ल  

🔅 योग  हर्शण  11:32 AM

🔅 वार  शनिवार  


☀ सूर्य व चन्द्र से संबंधित गणनाएँ    

🔅 सूर्योदय  05:45 AM  

🔅 चन्द्रोदय  08:16 AM  

🔅 चन्द्र राशि  कर्क  

🔅 सूर्यास्त  07:21 PM  

🔅 चन्द्रास्त  09:59 PM  

🔅 ऋतु  वर्षा  


☀ हिन्दू मास एवं वर्ष    

🔅 शक सम्वत  1944  शुभकृत

🔅 कलि सम्वत  5124  

🔅 दिन काल  01:35 PM  

       राक्षस संवत्सर

🔅 विक्रम सम्वत  2079  

🔅 मास अमांत  आषाढ  

🔅 मास पूर्णिमांत  आषाढ  


☀ शुभ और अशुभ समय    

☀ शुभ समय    

🔅 अभिजित  12:06:23 - 13:00:46

☀ अशुभ समय    

🔅 दुष्टमुहूर्त  05:45 AM - 06:40 AM

🔅 कंटक  12:06 PM - 01:00 PM

🔅 यमघण्ट  03:43 PM - 04:38 PM

🔅 राहु काल  09:09 AM - 10:51 AM

🔅 कुलिक  06:40 AM - 07:34 AM

🔅 कालवेला या अर्द्धयाम  01:55 PM - 02:49 PM

🔅 यमगण्ड  02:15 PM - 03:57 PM

🔅 गुलिक काल  05:45 AM - 07:27 AM

☀ दिशा शूल    

🔅 दिशा शूल  पूर्व  


☀ चन्द्रबल और ताराबल    

☀ ताराबल  

🔅 अश्विनी, भरणी, रोहिणी, आर्द्रा, पुष्य, आश्लेषा, मघा, पूर्वा फाल्गुनी, हस्त, स्वाति, अनुराधा, ज्येष्ठा, मूल, पूर्वाषाढ़ा, श्रवण, शतभिषा, उत्तराभाद्रपद, रेवती  

☀ चन्द्रबल  

🔅 वृषभ, कर्क, कन्या, तुला, मकर, कुम्भ  


*सहपरिवार सादर आमंत्रित*


 *गुरु पूर्णिमा महोत्सव 13 जुलाई 2022*

श्रावण मास के पवित्र अवसर पर 11 लाख पार्थिव शिवलिंग निर्माण एवं महा रुद्राभिषेक महोत्सव एवं *श्रीमद् भागवत भक्ति महोत्सव 4 से 10 अगस्त तक*

कष्टभंजन रामायण मित्र मंडल बनी द्वारा मास पारायण रात्रि 8:00 बजे से 11:00 बजे तक दिनांक 14 जुलाई से 12 अगस्त 2022 तक

*स्थान श्री कृष्ण कामधेनु गौशाला हरिहर आश्रम बनी तह० पेटलावद जिला झाबुआ मध्य प्रदेश*



*वास्तु दोष* 

जिन के घर का मुख दक्षिण में हो, वे अपने घर के दरवाजे के बाहर एक गमले में आम का पौधा लगायें और ॐ नमः शिवाय का जप करें इससे वास्तु दोष दूर होगा घर का ।

   *जामुन के फायदे* 

जामुन अग्निप्रदीपक, पाचक, स्तंभक रोकने वाला तथा वर्षा ऋतु में अनेक रोगों में उपयोगी है |

जामुन में लोहतत्व पर्याप्त मात्रा में होता है |

अत: पिलिया के रोगों में जामुन का सेवन हितकारी है |

जामुन यकृत, तिल्ली और रक्त की अशुद्धि को दूर करता है |

जामुन खाने से रक्त की अशुद्धि दूर हो जाती है तथा लालिमा युक्त बनता है |

जामुन मधुमेह, अतिसार, पथरी, पेचिस, संग्रहणी, यकृत के रोगों और रक्तजन्य विकारों को दूर करता है |

मधुमेही के रोगीयों के लिए जामुन के बीज का चूर्ण सर्वोत्तम है |

वायु प्रकृति वाले जामुन के ऊपर नमक, जीरा पावडर लगा के जामुन खाये |

मधुमेह के रोगी को नित्य जामुन खाने चाहिए | अच्छे पक्के जामुन सुखाकर बारीक कूटकर बनाया गया चूर्ण प्रतिदिन १ - १ चम्मच सुबह–शाम पानी के साथ सेवन करने से मधुमेह में लाभ होता है |

प्रदर रोग कुछ दिनों तक वृक्ष की छाल के काढ़े में शहद अर्थात मधु मिलाकर दिन में दो बार सेवन करने से स्त्रीयों में प्रदर रोग मिट जाता है |

जामुन के बीज को पानी में घिसकर मुँह पर लगाने पर मुहाँसे मिटते है |

जामुन की गुठलीयों को पीसकर शहद में मिलाकर गोलियाँ बना ले| २ - २ गोली नित्य चार बार चुसो| इससे बैठा गला खुल जाता है, आवाज का भारीपन ठीक हो जाता है |

जामुन की गुठली का ४ – ५ ग्राम चूर्ण सुबह-शाम पानी के साथ लेने से स्वप्नदोष ठीक होता है |

जामुन के पेड़ की पत्तियाँ ज्यादा न पकी हुई, न ज्यादा मुलायम लेकर पीस ले उसमे जरा-सा सेंधा नमक मिलाकर उसकी गोलियाँ बना ले १ – १ गोली सुबह–शाम लेने से कैसे भी तेज दस्त हो बंद हो जाते है |

जामुन भूख बढ़ाने वाले है | वर्षा ऋतु को उदर रोगों को ठीक रखने में मदद करेंगे | रक्त की शुद्धि और चेहरे पर लालीमा लानेवाले है

☀~ श्रीविद्या  पंचांग ~☀


कार्यालय

श्रीविद्यापचांग

सिद्धचक्र विहार 

मन्दसौर मध्यप्रदेश 

आप का दिन शुभ हो 

भारतमाता की जय

09977943155

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