जय श्री कृष्ण👏🏻
संस्थापक - प. पू. गुरूदेव आचार्यडाँ देवेन्द्र जी शास्त्री (धारियाखेडी)
मन्दसौर (म. प्र.)
09977943155
☀ ~ आज का श्रीविद्या पंचांग~☀
☀ 22 - Jul - 2022
☀ Mandsaur, India
☀~ श्रीविद्या पंचांग ~☀
🔅 तिथि नवमी 09:34 AM
🔅 नक्षत्र भरणी 04:25 PM
🔅 करण :
गर 09:34 AM
वणिज 09:34 AM
🔅 पक्ष कृष्ण
🔅 योग शूल 12:29 PM
🔅 वार शुक्रवार
☀ सूर्य व चन्द्र से संबंधित गणनाएँ
🔅 सूर्योदय 05:53 AM
🔅 चन्द्रोदय +01:22 AM
🔅 चन्द्र राशि मेष
🔅 सूर्यास्त 07:18 PM
🔅 चन्द्रास्त 02:09 PM
🔅 ऋतु वर्षा
☀ हिन्दू मास एवं वर्ष
🔅 शक सम्वत 1944 शुभकृत
🔅 कलि सम्वत 5124
🔅 दिन काल 01:24 PM
राक्षस संवत्सर
🔅 विक्रम सम्वत 2079
🔅 मास अमांत आषाढ
🔅 मास पूर्णिमांत श्रावण
☀ शुभ और अशुभ समय
☀ शुभ समय
🔅 अभिजित 12:09:11 - 13:02:48
☀ अशुभ समय
🔅 दुष्टमुहूर्त 08:34 AM - 09:28 AM
🔅 कंटक 01:56 PM - 02:50 PM
🔅 यमघण्ट 05:30 PM - 06:24 PM
🔅 राहु काल 10:55 AM - 12:35 PM
🔅 कुलिक 08:34 AM - 09:28 AM
🔅 कालवेला या अर्द्धयाम 03:43 PM - 04:37 PM
🔅 यमगण्ड 03:57 PM - 05:37 PM
🔅 गुलिक काल 07:34 AM - 09:14 AM
☀ दिशा शूल
🔅 दिशा शूल पश्चिम
☀ चन्द्रबल और ताराबल
☀ ताराबल
🔅 अश्विनी, भरणी, कृत्तिका, रोहिणी, आर्द्रा, पुष्य, मघा, पूर्वा फाल्गुनी, उत्तरा फाल्गुनी, हस्त, स्वाति, अनुराधा, मूल, पूर्वाषाढ़ा, उत्तराषाढ़ा, श्रवण, शतभिषा, उत्तराभाद्रपद
☀ चन्द्रबल
🔅 मेष, मिथुन, कर्क, तुला, वृश्चिक, कुम्भ
*सहपरिवार सादर आमंत्रित*
श्रावण मास के पवित्र अवसर पर 11 लाख पार्थिव शिवलिंग निर्माण एवं महा रुद्राभिषेक महोत्सव एवं *श्रीमद् भागवत भक्ति महोत्सव 4 से 10 अगस्त तक*
कष्टभंजन रामायण मित्र मंडल बनी द्वारा मास पारायण रात्रि 8:00 बजे से 11:00 बजे तक दिनांक 14 जुलाई से 12 अगस्त 2022 तक
*स्थान श्री कृष्ण कामधेनु गौशाला हरिहर आश्रम बनी तह० पेटलावद जिला झाबुआ मध्य प्रदेश*
*गाय के खुर की मिट्टी*
जिसका कामकाज सफल नही होता है , पत्नी गो-शाला मे जाकर गाय के खुर की मिट्टी लाये और पति को तिलक कर के पति काम पर जाये तो काम जरुर सफल होता है..गाय की ओरा बड़ी हितकारी होती है ।
*निरोगी व श्री सम्पन्न होने के लिये*
ॐ हुं विष्णवे नमः
निरोगी व श्री सम्पन्न होने के लिये इस मन्त्र की एक माला रोज जप करें, तो आरोग्यता और सम्पदा आती हैं ।
*सूर्यनारायण का ध्यान*
भ्रूमध्य में सूर्यनारायण का ध्यान करने से, ॐकार का ध्यान करने से बुद्धि विकसित होती है और नाभि से सूर्य का ध्यान अथवा ॐकार का ध्यान करने से निरोगता प्राप्त होती है |
लंबा श्वास खींच कर सवा मिनट से डेढ़ मिनट रोके फिर धीरे-धीरे छोड़े फिर बाहर श्वास रोक के एक मिनट छोड़ दे फिर अंदर रोक के और छोड़ दे | बस ! एक बार अंदर रोके एक बार बाहर रोके प्राणायाम योग करना | शरीर में जो थकान, बीमारी के कण होने वाले है वो निकलते है |
☀~ श्रीविद्या पंचांग ~☀
कार्यालय
श्रीविद्यापचांग
सिद्धचक्र विहार
मन्दसौर मध्यप्रदेश
आप का दिन शुभ हो
भारतमाता की जय
09977943155

